नौतनवां सोनौली
नौतनवा/सोनौली: क्षेत्र में गहराते एलपीजी संकट और गैस एजेंसियों की मनमानी के खिलाफ अब जनाक्रोश फूट पड़ा है। पूर्व नगर पंचायत सोनौली पूर्व चेयरमैन प्रत्याशी बैजु यादव के नेतृत्व में 'उद्योग व्यापार प्रतिनिधि मंडल' ने उपजिलाधिकारी (SDM) को ज्ञापन सौंपकर गैस वितरण में बड़े पैमाने पर धांधली और भ्रष्टाचार का खुलासा किया है।
एजेंसियों पर 'कृत्रिम संकट' पैदा करने का आरोप
ज्ञापन के माध्यम से बैजु यादव ने आरोप लगाया कि सोनौली और नौतनवा की गैस एजेंसियां जानबूझकर गैस की किल्लत पैदा कर रही हैं। आरोप है कि प्राप्त होने वाली गैस का आधा हिस्सा गुप्त रूप से कालाबाज़ारी के लिए बाहर भेज दिया जाता है, जबकि शेष स्टॉक को गोदामों में डंप कर दिया जाता है। इससे आम उपभोक्ता हफ्तों तक सिलेंडर के लिए भटकने को मजबूर है।
शिकायत करने पर उपभोक्ताओं को दी जा रही 'धमकी'
ज्ञापन में चौंकाने वाला खुलासा करते हुए बताया गया कि जिन उपभोक्ताओं के पास वैध 'DAC नंबर' है, उन्हें भी सिलेंडर नहीं दिया जा रहा। जब पीड़ित उपभोक्ता अपनी शिकायत लेकर एजेंसी पहुंचते हैं, तो कर्मचारी समाधान के बजाय उन्हें डराते-धमकाते हैं। उपभोक्ताओं का आरोप है कि शिकायत करने पर "कनेक्शन कहीं और ट्रांसफर कर देने" की धमकी दी जा रही है, जो उपभोक्ता अधिकारों का सीधा उल्लंघन है।
प्रमुख मांगें और चेतावनी
बैजु यादव और व्यापारियों ने प्रशासन के सामने निम्नलिखित मांगें रखी हैं:
निष्पक्ष जांच: आदित्य गैस एजेंसी और नौतनवा की अन्य एजेंसियों के स्टॉक व वितरण रजिस्टर की जांच हो।
प्रशासनिक निगरानी: गैस का वितरण प्रशासन की सीधी देखरेख में पारदर्शी तरीके से किया जाए।
वार्डवार वितरण: हर वार्ड में सप्ताह में कम से कम एक बार वितरण वाहन अनिवार्य रूप से भेजा जाए।
कठोर कार्रवाई: दोषी एजेंसी संचालकों और बदसलूकी करने वाले कर्मचारियों के खिलाफ विधिक कार्रवाई की जाए।
आम जनता रसोई गैस जैसी बुनियादी जरूरत के लिए दर-दर भटक रही है, जबकि एजेंसियां अपने करीबियों को फायदा पहुँचा रही हैं। अगर प्रशासन ने तत्काल इस पर लगाम नहीं लगाई, तो व्यापार मंडल और जनता उग्र आंदोलन के लिए बाध्य होगी। पूर्व चेयरमैन बैजु यादव
मौके पर मौजूद रहे गणमान्य
इस दौरान नगर अध्यक्ष अजय कुमार सिंह बबलू सिंह, सपा नेता विक्रम यादव, सभासद राधेश्याम यादव, राजकुमार नायक, राजू पटवा, पशुपति वर्मा, शैलेश कुमार, प्रदीप कुमार राव सहित बड़ी संख्या में पीड़ित महिलाएं और स्थानीय व्यापारी मौजूद रहे।


